अनूपपुर। जिले के ग्राम छिलपा निवासी शिक्षक एवं समाजसेवी डॉ. महेश प्रसाद साहू को भारत प्रतिभा सम्मान पुरस्कार के लिए नामांकित किया गया है। यह नामांकन शिक्षा, सामाजिक सेवा, मानवाधिकार संरक्षण और वंचित वर्गों के उत्थान के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के आधार पर किया गया है। भारत प्रतिभा सम्मान परिषद की ओर से जारी प्रशस्ति पत्र में उनके कार्यों और सामाजिक प्रतिबद्धता का उल्लेख किया गया है।
10 अक्टूबर 1975 को जन्मे डॉ. साहू पिछले 29 वर्षों से शिक्षक के रूप में सेवाएं दे रहे हैं। इस दौरान उन्होंने हजारों विद्यार्थियों का मार्गदर्शन किया और ग्रामीण मध्य प्रदेश में शिक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने में योगदान दिया। सीमित संसाधनों वाले परिवार से आने के बावजूद उन्होंने शिक्षा को सामाजिक बदलाव का माध्यम बनाया।
बैगा आदिवासी बच्चों की शिक्षा के लिए विशेष पहल
डॉ. साहू के प्रमुख योगदानों में बैगा आदिवासी समुदाय के बच्चों को शिक्षा से जोड़ने का प्रयास शामिल है। प्रशस्ति पत्र के अनुसार, उन्होंने ऐसे बच्चों को विद्यालय तक पहुंचाने और पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित किया, जिनके सामने गरीबी, संसाधनों की कमी और शैक्षणिक सुविधाओं तक सीमित पहुंच जैसी चुनौतियां थीं। उनके प्रयासों का उद्देश्य बच्चों को शिक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य के अवसर उपलब्ध कराना है।
शिक्षा और सामाजिक सेवा में सक्रिय भूमिका
डॉ. साहू को वर्ष 2024 में गणित विषय में पीएचडी तथा वर्ष 2022 में हिंदी साहित्य एवं विद्यालय प्रबंधन में मानद डॉक्टरेट प्राप्त होने का उल्लेख प्रशस्ति पत्र में किया गया है। वे वर्तमान में पीएचडी के बाद भी अपने शैक्षणिक अध्ययन और कार्यों को आगे बढ़ा रहे हैं।
इसके अलावा, वे वर्ल्ड ह्यूमन राइट्स प्रोटेक्शन कमीशन (WHRPC) में सक्रिय सदस्य के रूप में वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा और सामाजिक जागरूकता से जुड़े कार्यों में योगदान दे रहे हैं। विधायक के व्यक्तिगत सहायक के रूप में भी वे सरकारी योजनाओं और जनकल्याणकारी नीतियों का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाने में सहयोग कर रहे हैं।
ग्रामीण क्षेत्र में शिक्षा के प्रसार पर जोर
डॉ. साहू ने अनूपपुर जिले में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवाओं और सरकारी योजनाओं की पहुंच बढ़ाने के लिए स्थानीय स्तर पर भी पहल की है। उनके कार्यों का उद्देश्य ग्रामीण एवं आदिवासी समुदायों को मुख्यधारा से जोड़ना और बच्चों को बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध कराना है।
भारत प्रतिभा सम्मान के लिए उनका नामांकन जिले के लिए गौरव का विषय है। यह सम्मान शिक्षा और सामाजिक सेवा के क्षेत्र में उनके योगदान को पहचान देने के साथ ही उन्हें भविष्य में भी समाज के वंचित वर्गों के उत्थान के लिए कार्य करने की प्रेरणा प्रदान करेगा।